Published on January 24, 2026 | Views: 332
गुरु अजनेश्वरधाम भागवत संगीत विद्यापीठ एवं श्रीगोपाल संगीत अकादमी के संयुक्त तत्वावधान में बसंतोत्सव कार्यक्रम का आयोजन कैलाश नगर वृंदावन में किया गया। संरक्षक डॉ हरेकृष्ण शर्मा शरद ने कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कहा कि ईश्वर प्राप्ति का सबसे सरल साधन संगीत ही है। उन्होंने शास्त्रीय संगीत में विभिन्न रागों में निबद्ध रचना सुनाकर सभी श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। संत किशोरीशरण भक्तमाली मुखियाजी ने राग बसंत में ध्रुपद धमार के प्राचीनतम पद सुनाकर सभी को भावविभोर कर दिया। कार्यक्रम संयोजक डॉ रामश्याम युगलबंधु ने कहा कि बच्चों की प्रतिभा निखारने हेतु एवं मंच प्रदान करने के उद्देश्य से यह बसंतोत्सव कार्यक्रम आयोजित किया जाता है। छात्र-छात्राओं ने यमन एवं भीमपलासी राग में प्रस्तुति दी। भागवताचार्य डॉ मुकेश मोहन शास्त्री ने आशीर्वचन देते हुए कहा कि सभी को मां सरस्वती की पूजा प्रतिदिन करनी चाहिए क्योंकि हमें वाणी बुद्धि व ज्ञान उन्हीं से प्राप्त होता है। कार्यक्रम में तरुणकृष्ण,प्रिया शर्मा नंदिनी शर्मा शिवानी शर्मा वैष्णवी,निकेश उद्धव दीपिका, दीपांशी संस्कार, चाणक्य,ब्रजकिशोर रिया अनुराधा शर्मा आदि उपस्थित रहे।
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