Published on July 24, 2026 | Views: 158
दिल्ली: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि ये भी अजब बात है कि एक तरफ तो भाजपा और उनके संगी-साथी अपने लोगों को प्रोटेस्टर्स के बीच भेजकर युवाओं को गलत साबित करने में लगे हैं दूसरी तरफ जब उन्हें ‘भाजपाई’ कहा जाता है तो वो चिढ़ जा रहे हैं।
अखिलेश यादव ने कहा कि आज जिन भाजपाइयों और उनके संगी-साथियों के घर-मकान-दुकान-प्रतिष्ठान व गाड़ियों से भाजपा के झंडे उतरे हैं, कल भाजपा भी उनके दिलोदिमाग से उतर जाएगी, क्योंकि वो भोले-भाले भावुक लोग हैं, लेकिन उनमें भी बुद्धि-विवेक है और वो भी भाजपाइयों की अयोध्या में ‘चढ़ावा-चंदा-दान चोरी’ का रामघात, दिल्ली में बच्चियों तक पर बेदर्दी से प्रहार, पूरे देश में युवाओं पर हिंसक प्रहार, मुंबई में आंदोलनकारियों को ड्रग्स के झूठे केस में फँसाने की धमकी और लखनऊ अग्निकांड में मृतक बच्चे की दुखी माँ तक के साथ उत्तर प्रदेष के मुख्यमंत्री द्वारा किया गया अति निंदनीय दुर्व्यवहार व माँ का तिरस्कार जैसी काली करतूतों से बेहद षर्मिंदा है।
अखिलेश यादव ने कहा कि अब भाजपा के पेड और अनपेड तथाकथित समर्थक भी अब किसी काम नहीं आ रहे हैं। दरअसल अब वो जनाक्रोश को देखकर घर से बाहर तभी निकल रहे हैं, जब बहुत ज्यादा मजबूरी हो। इसीलिए मोहल्ले और सोसाइटियों के पार्कों में भी, अब वो बरसाती वायरल बुखार या सर्दी-जुकाम के नाम पर तबियत खराब होने का बहाना करके नहीं जा रहे हैं, उनके व्हाट्सएप ग्रुप भी ठंडे पड़े हैं।
अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा के कट्टर समर्थकों के सामने सबसे बड़ा संकट ये है कि उन्होंने पिछले 10-12 सालों में हर कुतर्क से भाजपा और उनके संगी-साथियों की ढाल बनकर रक्षा की, अपने बचपन के मित्रों, सहपाठियों, सहकर्मियों व सहयोगियों से लड़ाई की लेकिन अब वो भी भाजपा की कारस्तानियों से समझ गये हैं कि असल में वो खुद ही गलत थे, तो वो किस मुँह को लेकर घरों से बाहर निकलें। जिस तरह भाजपा ने लोकतंत्र को खत्म किया, सरकारी विभागों-एजेंसियों का भ्रष्टाचारीकरण किया, कमीशनखोरी से महंगाई बढ़ाकर लूटा, शिक्षा-परीक्षा में घनघोर धांधली की व भर्ती-नौकरी-रोजगार की जगह केवल अपने कुछ भाजपा समर्थक गिने-चुने खरबपतियों के लिए श्रमिकों को पैदा करने का काम किया, बलात्कारियों को छुड़वाकर गले में हार डलवाया, दुनिया के सबसे घिनौने अमेरिकी कांड में नाम आने पर भी अपने मंत्री को नहीं हटाया, उत्तराखण्ड हो या उत्तर प्रदेश की बेटी उनके बलात्कारियों को बचाया, लखीमपुर खीरी के थारकांड में किसानों को मारनेवाले के साक्षात् सबूतों को झुठलाया, पीडीए पर हर तरह का अत्याचार किया व उनका आरक्षण मारने के लिए कोर्ट में साजिशों का जाल बिछाया, संविधान को मिटाने की हर संभव कोशिश की, विपक्ष पर अनर्गल आरोप लगाकर झूठे मुकदमे किये, बुलडोजर व एनकाउंटर का अमानवीय दुरुपयोग किया, यहाँ तक कि शंकराचार्य जी पर भी निकृष्टतम आरोप लगाया, ऐसे और भी अनेक कुकृत्य और कुकर्म हैं जिनसे भाजपा का असली चेहरा अब उनके समर्थकों के भी सामने आ गया है। इसीलिए भाजपा समर्थकों के लिए ये तथाकथित अमृतकाल अब सरेआम अपमान के जहर भरे घूंट पीने के ‘विषकाल’ बन गया है।
Category: Politics